भोपाल। पिछले कुछ दिनों से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान लगातार कांग्रेस की 18 महीने की सरकार से संबंधित प्रश्न पूछ रहे हैं। अब कांग्रेस 18 साल की भाजपा सरकार के कार्यकाल के संबंध में विधानसभा में प्रश्न पूछेगी। वैसे कमलनाथ भी शिवराज सिंह से प्रश्न पूछते आ रहे हैं।दरअसल, कल मध्यप्रदेश विधानसभा का बजट पेश होना है और चुनावी वर्ष का यह आखरी बजट पेश हो रहा है। यही कारण है कि दोनों दलों ने विधायक दल की बैठक में अपनी-अपनी रणनीति बनाई है। प्रमुख विपक्षी दल कांग्रेस विधायक दल की बैठक में फैसला किया है कि भाजपा सरकार के 18 सालों का हिसाब सदन में पूछा जाएगा। कितनी घोषणाएं हुई, कितनों पर अमल हुआ और इन वर्षों में महंगाई, भ्रष्टाचार, बेरोजगारी, कानून व्यवस्था की स्थिति पर भी सरकार को घेरा जाएगा। विधायक दल की बैठक में कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने विकास यात्रा पर भी कटाक्ष किए। उन्होंने कहा कि 20 दिनों में मुख्यमंत्री ने 12000 करोड़ की घोषणाएं कर दी है पर बजट में इनका कोई प्रावधान नहीं है।
वहीं सत्तारूढ़ दल भाजपा की विधायक दल की बैठक में विपक्ष को करारा जवाब देने की रणनीति बनाई गई और सरकार की उपलब्धियों को बताने की योजना भी बनी।बैठक के दौरान मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान प्रदेश अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा ने विधायकों से वन टू वन चर्चा भी की। सत्ता और संगठन की इन बैठकों में भाजपा चुनावी रणनीति के तहत जातीय समीकरणों को साधने के लिए ऐसे प्रयोग कर रही है। जिसमें साफ-सुथरे चेहरों को आगे कर रही है। सदन के अंदर और सदन के बाहर अब पार्टी आक्रामक रुख अपनाने जा रही है। विपक्षी दल कांग्रेसियों का पहले ही निर्णय हो चुका है कि विधानसभा के अंदर सरकार को घेरने में कोई कसर नहीं छोड़ी जाए। यहां तक कि पूर्व मंत्रियों को उनके विभागों के अनुसार वर्तमान मंत्रियों को घेरने की योजना बनी है।कुल मिलाकर प्रदेश की राजनीति चुनावी वर्ष में प्रवेश कर चुकी है। अब दोनों ही प्रमुख दल किसी भी अवसर को गवाना नहीं चाहते हैं। इसी कारण बजट सत्र में दोनों ही दल अपने – अपने विधायकों को सदन के अंदर उपस्थित रहने और बेहतर जवाब देने के लिए विधायक दल की बैठक में तैयार करते दिखे।
व्यक्तिगत विचार आलेख
श्री देवदत्त दुबे जी ,वरिष्ठ पत्रकार एवं राजनैतिक विश्लेषक मध्यप्रदेश ।
https://www.youtube.com/c/BharatbhvhTV
⇑ वीडियो समाचारों से जुड़ने के लिए कृपया हमारे चैनल को सबस्क्राईब करें और हमारे लघु प्रयास को अपना विराट सहयोग प्रदान करें , धन्यवाद।
मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग के माननीय अध्यक्ष महोदय डॉ. अवधेश प्रताप सिंह ने विगत दिवसों…
पश्चिम बंगाल में नई सरकार के गठन की कवायद शुरू हो गई है। नौ मई…
हाल ही में हुए 5 राज्यों के विधानसभा चुनावों में कई बड़े राजनीतिक संदेश छिपे…
अधिवक्ता अकलेचर दुवे ने जूनियर वकीलों को स्टाईपेड, वकील पेंशन एवं सामूहिक बीमा योजना लागू…
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है— सवाल इसलिए भी …
भोपाल डेस्क देश में चल रहे गो सम्मान आह्वान के तहत प्रदेश में भी गौ…