भारत में बढते सायबर अपराध से सुरक्षा के नाम पर सरकार के एक फैसले पर जमकर हंगामा बरपा है केंद्र सरकार ने सभी मोबाईल र्स्माटफोन पर संचार साथी ऐप डाउनलोड करने के फैसले पर विपक्ष ने कड़ी नाराजगी जताई इसके बाद केंद्र सरकार की ओर से सफाई दी गई। संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि यह ऐप वैकल्पिक होगा। लोग इसे डिलीट भी कर सकते हैं और ऑफ भी कर सकते हैं। पहले कहा जा रहा था कि इसे फोन में रखना अनिवार्य होगा। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने इस ऐप को लेकर कहा कि यह कदम लोगों की प्राइवेसी पर सीधा हमला है। यह एक जासूसी ऐप है। उन्होंने कहा कि सरकार हर नागरिक की निगरानी करना चाहती है। साइबर धोखाधड़ी की रिपोर्टिंग के लिए सिस्टम जरूरी है लेकिन सरकार का ताजा आदेश लोगों की निजी जिंदगी में अनावश्यक दखल जैसा है।
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