हमारा इतिहास : वल्लभ भवन की आधारशिला…

3 years ago

वल्लभ भवन की आधारशिला सन 1958 में पंडित जवाहरलाल नेहरू के हाथों रखी गई क्योंकि नई राजधानी बनाने का काम…

हिंदी के नाम पर आत्महत्या क्यों…?

3 years ago

कल भारत का संविधान-दिवस था और कल ही तमिलनाडु के एक व्यक्ति ने यह कहकर आत्महत्या कर ली कि केंद्र…

सड़कों पर क्यों हैं प्रधानमंत्री जी…?

3 years ago

लोकतंत्र की यही खूबसूरती है कि यहां राजा कभी भी रंक बना सकता है और रंक राजा।अब देखिए न प्रधानमंत्री…

राजनैतिक फैसले प्रतिक्रियावादी नहीं होने चाहिए – प्रह्लाद पटेल

3 years ago

केंद्रीय राज्य मंत्री श्री प्रहृलाद पटेल ने खुरई में दो करोड़ की लागत से बने लोधी क्षत्रिय समाज के सामुदायिक…

“मुझे ग़म भी उनका अज़ीज है, कि ये उन्हीं की दी हुई चीज़ है।”

3 years ago

मेरे पिताजी की आदत भी अज़ीब थी। खाना खाने बैठते तो एक निवाला तोड़ कर थाली के चारों ओर घूमाते…

हमारा इतिहास : लोहिया की नजर में भोपाल

3 years ago

लोहिया की नजर में भोपाल जितना सुंदर आज भोपाल है बाहर वाले इसकी जितनी तारीफ करते हैं साठ के दशक…

मकरोनिया रेलवे ओवर ब्रिज नाम डॉ. हरिसिंह गौर सेतु होगा

3 years ago

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने मकरोनिया रेलवे ओवर ब्रिज का लोकार्पण किया ओवर ब्रिज का नाम डॉ. हरिसिंह गौर सेतु होगा…

डॉ. गौर को देष का सर्वोच्च सम्मान दिलाने की पहल होगी- मुख्यमंत्री चौहान

3 years ago

डॉ हरिसिंह गौर ने सागर को ज्ञान का सागर बना - मुख्यमंत्री श्री चौहान डॉ. गौर को देष का सर्वोच्च…

भारत का इतिहास कैसे लिखें?

3 years ago

असम के महान सेनापति लाचित बरफुकन की 400 वीं जयंति पर बोलते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि…

बाबाजी का दृष्टिदोष अक्षम्य या क्षम्य

3 years ago

मै कलियुग के या यूं कहिए मोदी युग के महर्षि बाबा रामदेव का न सम्मान करता हूं और न अपमान।वे…