राजनीतिनामा

और चुपके से बिक गए राघव चढ्ढा

बिकने वाली चीज, बिक कर ही मानती है, उसे केवल सही कीमत की दरकार होती है.. आम आदमी पार्टी के खूबसूरत नेता राघव चढ्ढा आखिर अरविन्द केजरीवाल का साथ छोडकर भाजपा में शामिल हो गए. चूंकि वे अकेले नहीं गए हैं इसलिए राज्यसभा में इस दलबदल को आम आदमी पार्टी ‘आपरेशन लोट्स ‘का नाम दे रही है. राजनीति की भाषा में कहें कि आम आदमी पार्टी ने राघव चढ्ढा और उनके साथियो को राजनीति में उंगली पकडकर चलना सिखाया लेकिन जैसे ही मौका मिला राघव चढ्ढा ने अपना असली चेहरा प्रकट करते हुए भाजपा की सदस्यता ले ली.शुक्रवार को संदीप पाठक और अशोक मित्तल के साथ प्रेस कांफ्रेंस कर राघव चड्ढा ने कहा, “हमने तय किया है कि हम, राज्यसभा में आम आदमी पार्टी के दो तिहाई सदस्य संविधान के प्रावधानों के अनुसार बीजेपी में शामिल हो रहे हैं.”
                                  मुझे राघव के दल बदल पर रत्तीभर हैरानी नही हुई. मुझे शुरू से लग रहा था कि ये बंदा आज नहीं तो कल भाजपा के हत्थे चढ जाएगा और हुआ भी वही. राघव को बिकना था सो बिका. बिकने वाले को कोई रोक नही सकता. राघव मोलतोल के बाद बिका. अपने साथ संदीप पाटिल और अशोक मित्तल को भी उसने बेच दिया. भाजपा को राघव जैसों की जरुरत हर वक्त जरुरत रहती है.आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने ताज़ घटनाक्रम को लेकर एक्स पर राघव चड्ढ का नाम लिए बिना सिर्फ़ इतना लिखा, “बीजेपी ने फिर से पंजाबियों के साथ किया धक्का. आपको याद दिला दूं कि आम आदमी पार्टी ने इस महीने की शुरुआत में राघव चढ्ढा कोराज्यसभा में पार्टी के डिप्टी लीडर की ज़िम्मेदारी से मुक्त कर दिया था. राघव की जगह अशोक कुमार मित्तल को दे दी थी. तब राघव चड्ढा ने कहा था कि वह जनहित के मुद्दे उठाते रहे हैं और सवाल पूछा कि इससे आम आदमी पार्टी का क्या नुक़सान हुआ होगा.राघव चड्ढा ने कहा, “आम आदमी पार्टी, जिसे मैंने अपने खून पसीने से सींचा और जिसे मैंने अपनी युवावस्था के 15 साल दिए, वह अब अपने सिद्धांतों, मूल्यों और बुनियादी नैतिकताओं से पूरी तरह भटक चुकी है. अब यह पार्टी देश या राष्ट्रीय हित के लिए काम नहीं कर रही है, बल्कि निजी स्वार्थ के लिए काम कर रही है.”
                               उन्होंने कहा, “आप में से कई लोग पिछले कुछ वर्षों से मुझसे यह कहते आ रहे हैं, और मैंने भी व्यक्तिगत रूप से यह महसूस किया है कि मैं सही आदमी हूं, लेकिन ग़लत पार्टी में हूँ. मैं दोहराता हूँ, ‘मैं सही आदमी हूँ, लेकिन गलत पार्टी में हूं.’ इसलिए मैं आम आदमी पार्टी से खुद को अलग कर रहा हूँ और जनता के पास जा रहा हूं.”राघव चढ्ढा जैसे लोग जनता के पास जाने की हिम्मत नहीं रखते. वे पिछले दरवाजे की राजनीति में आए थे और उसी दरवाजे से निकलकर भाजपा में शामिल हो गए.उन्होंने सोच समझकर अपने आपको बेचा. गणित लगाकर बेचा. वे अपने साथ राज्यसभा के 6 और सांसदों को भी ले गए. राघव में इतनी ताकत नहीं है कि वे सबकी कीमत खुद अदा कर सकें. उन्होंने भाजपा के लिए इस सौदे में दलाल की भूमिका अदा की.”राज्यसभा में आम आदमी पार्टी के 10 सांसद हैं. इनमें से दो-तिहाई से ज़्यादा राघव केसाथ हैं.हैं. उन्होंने हस्ताक्षर कर दिए हैं और उनके हस्ताक्षरित पत्र और दस्तावेज़ राज्यसभा के सभापति को सौंप दिए. गए हैं.इनमें संदीप पाठक और अशोक मित्तल के अलावा हरभजन सिंह, राजिंदर गुप्ता, विक्रमजीत सिंह साहनी और स्वाति मालीवाल शामिल हैं.”
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा में नेता और नेशनल मीडिया प्रभारी संजय सिंह ने राघव चड्ढा समेत पार्टी के 7 सांसदों के बीजेपी में शामिल होने को ‘ऑपरेशन लोटस’ करार दिया. संजय सिंह ने कहा, कि “आम आदमी पार्टी ने राघव चड्ढा को विधायक, सांसद बनाया. सब कुछ दिया लेकिन उन्होंने पार्टी के साथ विश्वासघात किया. पंजाब के लोग उन्हें कभी माफ़ नहीं करेंगे.”
सब जानते हैं कि “राघव चड्ढा, अशोक मित्तल, राजेंद्र गुप्ता, विक्रमजीत साहनी, संदीप पाठक, स्वाति मालीवाल, हरभजन सिंह को आप और जनता ने ज़मीन से उठाकर संसद में पहुंचाया. इन सातों ने पंजाब की जनता की पीठ में छुरा घोंपा है, धोखा दिया है. भगवंत मान की सरकार को धोखा दिया है.”
                                          संजय सिंह के इस आरोप में दम है कि “भगवंत मान सरकार अच्छा काम कर रही है इसलिए ऑपरेशन लोटस खेला जा रहा है, ईडी-सीबीआई का इस्तेमाल किया जा रहा है. अशोक मित्तल के घर दो-चार दिन पहले ईडी का छापा पड़ा, भय दिखाया और तोड़ लिया.”उन्होंने ज़ोर देकर कहा, “यह ऑपरेशन लोटस है, अमित शाह, नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पंजाब के लोगों को धोखा देने के लिए है चलाया गयाराघव चड्ढा के दो-तिहाई सांसदों के बीजेपी में विलय करने का एलान करने के बाद और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राघव चढ्ढा और उनके साथियो को गद्दार कहा.साल 2013 में जब अन्ना हज़ारे का इंडिया अगेंस्ट करप्शन आंदोलन अपने आख़िरी दौर में था, तभी राघव चड्ढा की मुलाकात अरविंद केजरीवाल से हुई.पेशे से चार्टर्ड अकाउंटेंट राघव चड्ढा राघव उस समय लंदन स्कूल ऑफ़ इकोनॉमिक्स से पढ़ाई कर के भारत लौटे थे. राघव चड्ढा का पार्टी में पहला दायित्व दिल्ली जनलोकपाल बिल का ड्राफ़्ट तैयार करने का मिला था.उन्हे अधिवक्ता राहुल मेहरा का सहायक बनाया गया था.राघव चड्ढा पार्टी के सबसे युवा प्रवक्ता बने और कुछ ही समय में राघव चड्ढा टेलीविज़न पर आम आदमी पार्टी का चेहरा बन चुके थे.राघव साल 2013 में आम आदमी पार्टी के घोषणापत्र बनाने वाली टीम के सदस्य थे. कुछ समय के लिए वह पार्टी के कोषाध्यक्ष भी बनाए गए.एक दशक पहले एक वॉलंटियर के तौर पर अरविंद केजरीवाल की टीम में शामिल हुए राघव चड्ढा अब उनके सबसे भरोसेमंद रणनीतिकारों में गिने जाते हैं.साल 2019 में राघव चड्ढा दक्षिणी दिल्ली की संसदीय सीट पर चुनाव लड़े, लेकिन असफल रहे. इसके बाद 2020 विधानसभा चुनाव में उन्होंने दिल्ली की राजेंद्र नगर सीट से जीत दर्ज की.मार्च 2022 में राघव चड्ढा और चार अन्य लोगों को आम आदमी पार्टी ने पंजाब से राज्यसभा के लिए मनोनीत किया. उस समय राघव चड्ढा 33 साल के थे और सबसे युवा सांसद बने.ये माना जाता है कि साल 2022 में पंजाब में मिली आम आदमी पार्टी की बड़ी जीत में राघव चड्ढा ने अहम भूमिका निभाई. पंजाब की सफलता को देखते हुए ही पार्टी ने उन्हें 2022 के आख़िर में गुजरात विधानसभा चुनाव की भी ज़िम्मेदारी सौंपी और सह प्रभारी बनाया.लेकिन वे अहसान फरामोश निकले. अब देखना है कि राघव चढ्ढा भाजपा के लिए कितने काम के साबित होते है?.राघव से पहले आम आदमी पार्टी छोडकर जाने वालों की फेहरिस्त लगाता लंबी हो रही है.
श्री राकेश अचल  ,वरिष्ठ पत्रकार एवं राजनैतिक समीक्षक, मध्यप्रदेश

⇑ वीडियो समाचारों से जुड़ने के लिए  कृपया हमारे चैनल को सबस्क्राईब करें , धन्यवाद।

Share this...
bharatbhvh

Recent Posts

बंदूक की फोटो ने खोला राज, घर पहुंची पुलिस तो मिला करोड़ों का कैश

सोशल मीडिया पर बंदूक के साथ एक फोटो डालना एक युवक को भारी पड़ गया।…

6 hours ago

लाल किले से पहली बार गूंजा ‘वंदे मातरम्

लाल किले से पहली बार गूंजा ‘वंदे मातरम्’, स्वतंत्रता दिवस समारोह में दिखा राष्ट्रभक्ति का…

1 day ago

सोशल मीडिया पर अप्रमाणित दावों से पूर्व मंत्री की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने पर हाईकोर्ट सख्त

मानहानिकारक पोस्ट और वीडियो हटाने के निर्देश सागर। दिल्ली हाईकोर्ट ने पूर्व मंत्री एवं खुरई विधायक…

4 days ago

तिरंगे के सम्मान और राष्ट्रभक्ति के संदेश के साथ मंत्री राजपूत ने निकली तिरंगा यात्रा

सुरखी विधानसभा क्षेत्र के हर मंडल में निकाली जायेगी भव्य तिरंगा यात्रा: मंत्री राजपूत राष्ट्रीय…

7 days ago

छात्रों के सवाल पर सियासत क्यों खामोश है ?

भारत में बीते  एक महीने में दो बड़े छात्र आंदोलन ने बेपटरी और मनमर्जी से…

1 week ago

झारखण्ड – नाराज छात्र आज करेंगे विधानसभा का घेराव

सीबीआई जाँच की मांग पर अड़े छात्र सरकार सहमत नहीं । बीते 16 दिनों से…

1 week ago