मध्यप्रदेश, जिला सागर, संवाददाता
संपूर्ण मध्यप्रदेश में करीब 40 दिनों से अपनी मांगों को लेकर हड़ताल कर रहीं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की हड़ताल एंसी भीषंण गर्मी में भी लगातार जारी है । मध्यप्रदेश के सागर जिले में अब तक आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की हड़ताल से दो कार्यकर्ताओं की जान भी जा चुकी है । सागर जिले में आज मध्यप्रदेश के लोक निर्माण मंत्री गोपाल भार्गव शुक्रवार को धरना स्थल पर आगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के समक्ष मिलने पहुंचे। उन्होंने कहा कि कोविड का काल हो या चुनाव का हर वक्त आंगनबाड़ी बहनों ने फील्ड पर रहकर कार्य किया है। मातृ स्वास्थ्य शिशु स्वास्थ्य की निगरानी रखने वाली और निरंतर उनके बेहतर पोषण और स्वास्थ्य के लिए कार्य करने वाली हमारी बहनों का इस प्रकार भीषण गर्मी में हड़ताल पर बैठना मेरे लिए भी कष्टदाई है। गुरुवार को इलाज के दौरान अस्पताल में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता शहनाज बानो की हृदयाघात से मृत्यु पर उन्होंने खेद व्यक्त करते हुए श्रृद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि हमने अपनी एक बहन को खो दिया। परंतु आप सभी की मांगों को लेकर मैं पूरे प्रयास करूंगा कि अपने संपूर्ण राजनीतिक अनुभव के साथ समस्या का हल निकाल सकूं। इसके लिए वे मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान और कैबिनेट के अन्य मंत्रियों से चर्चा कर समाधान निकालने का प्रयास करेंगे। मंत्री भार्गव ने कहा कि उनके माध्यम से आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओंए सहायिकाओं द्वारा की गई भावनात्मक अपील को वे मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के समक्ष रहेंगे रखेंगे। उन्होंने कहा कि सभी बहनें निश्चिंत रहें और एक सकारात्मक निष्कर्ष निकाले जाने का आश्वासन भी दिया। इसके पूर्व कलेक्टर श्री दीपक आर्य और पुलिस अधीक्षक श्री तरुण नायक ने भी हड़ताल कर रही आंगनबाड़ी बहनों से उनके स्वास्थ्य के दृष्टिगत अपील की किए गर्मी को देखते हुए सभी बहनें अपनी सेहत का ख्याल रखें। भीषण गर्मी के चलते स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पड़ सकता है।
आंदोलन में मृत हुई आंगनबाड़ी की बहिनों के परिजनों को 10 10 लाख रु की आर्थिक सहायता तथा आश्रितों को सरकारी नौकरी दी जाए – कांग्रेस
वहीं दूसरी ओर विपक्षी दल कांग्रेस ने इस मुददे पर पूर्ण रूप से सर्मथम करते हुए कहा है कि सरकार से अपने जायज हक और न्याय को पाने के लिए आंदोलन कर रही आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की प्रदर्शन के दौरान अकाल मृत्यु हो जाने के बाद भी सरकार का नहीं चेतना उसकी संवेदनहीनता को प्रमाणित करता है। प्रदेश की सरकार आंदोलन के दौरान मृत हुई आंगनबाड़ी की बहिनों के परिजनों को 10 . 10 लाख रु की आर्थिक सहायता तथा किसी एक आश्रित को सरकारी नौकरी प्रदान करने के जल्द आदेश जारी करें।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष रेखा चौधरी ने उक्त मांग करते हुए कहा कि बहनों का भाई होने का दम भरने वाले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान यदि वास्तव में बहनों व बेटियों की हितेषी हैं तो आंदोलन के दौरान अकाल रूप से मृत हुई सागर की आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं राजकुमारी अहिरवार तथा शाहनाज़ बानो के परिजनों को 10. 10 लाख रुपए की आर्थिक सहायता तथा दोनों ही मृतक बहनों के 1 .1 एक आश्रित को सरकारी नौकरी तत्काल प्रदान करने के आदेश जारी करने का साहस दिखाएं। जिला अध्यक्ष रेखा चौधरी ने आगे कहा कि पिछले 40 दिन से अपने छोटे.छोटे बच्चों के साथ भीषण गर्मी और तेज धूप में लू के थपेड़ों के बीच लगातार आंदोलन कर रही इन बहनों को न्याय और अधिकार प्रदान करने के लिए सरकार जल्द से जल्द नीति बनाकर घोषणा करें तथा सरकारी तंत्र के माध्यम से इनकी लोकतांत्रिक आवाज को दमन पूर्वक जबरन दबाने का प्रयास नहीं करें।
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