कलमदार

मध्यप्रदेश राजनीतिनामा – भाजपा कांग्रेस अहम का टकराव दोनों तरफ

एक तरफ जहां प्रदेश के दोनों ही प्रमुख दल भाजपा और कांग्रेस विधानसभा चुनाव 2028 की तैयारी में जुटे हुए हैं वहीं दूसरी ओर दलों के अंदर आपसी खींचतान से महत्वपूर्ण निर्णय समय पर नहीं हो रहे दोनों ही दलों में जिला कार्यकारिणी का गठन अटका हुआ है।  दरअसल चुनाव जीतने के लिए बूथ स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक संगठन का मजबूत होना जरूरी है यह बात भाजपा बहुत पहले से समझती आई है लेकिन कांग्रेस भी अब इसी पैटर्न पर चल रही है लेकिन यह काम इतना आसान नहीं है संगठन की सबसे महत्वपूर्ण इकाई जिला संगठन होता है जिसको गठन करने में दोनों दलों को पसीना आ रहा है पहले तो दोनों ही दल लंबी कवायद के बाद जैसे तैसे जिला अध्यक्ष घोषित कर पाए लेकिन अब जिला कार्यकारिणी का गठन आपसी खींचतान के कारण अभी तक अटका हुआ है भाजपा ने सभी जिलों में दो-दो पर्यवेक्षक भेजे थे जिन्होंने स्थानीय स्तर पर रायशुमारी करके अपनी रिपोर्ट प्रदेश कार्यालय को सौंप दी थी और तब उम्मीद की जा रही थी कि अब फटाफट जिला कार्यकारिणी का गठन हो जाएगा लेकिन अब तक 40 से भी ज्यादा जिलों में कार्यकारिणी का गठन नहीं हो पाया है इसके लिए प्रदेश संगठन स्थानीय नेताओं से संपर्क कर रहा है जिला अध्यक्ष भी विधायक सांसद मंत्री और वरिष्ठ नेताओं से संपर्क कर रहे हैं लेकिन नेताओं का आपसी अहम अधिकांश जगह सहमति नहीं बनने दे रहा है और अब गुरुवार से सेवा पखवाड़ा शुरू हो गया है जिसके चलते प्रदेश के नेताओं की व्यस्तता बढ़ गई है वहीं जिला अध्यक्ष को भी स्थानीय स्तर पर कार्यक्रम आयोजित करना है इसलिए माना जा रहा है कि अक्टूबर माह में जिला कार्यकारिणी का गठन हो पाएगा।

उधर दूसरी ओर कांग्रेस पार्टी में जिला अध्यक्ष घोषित हुए एक महीने से भी ज्यादा का समय हो गया है लेकिन अभी तक ब्लॉक अध्यक्ष वीएलओ भी नहीं बन पाए हैं ऐसे में जो 40 दिन का समय दिया गया था उसमें जिला कार्यकारिणी का गठन हो पाना मुश्किल दिखाई दे रहा है अभी भी जिला अध्यक्षों की नियुक्ति को लेकर शिकवा शिकायतों का दौर चल रहा है हाल ही में पूर्व मंत्री और कांग्रेस वर्किंग कमेटी के सदस्य कमलेश्वर पटेल ने पीसीसी चीफ जीतू पटवारी और प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी पर सवाल उठाते हुए कहा कि इतनी गुटबाजी नहीं होना चाहिए प्रदेश प्रभारी का काम समन्वय बनाना है उन्होंने कहा कि मेरा प्रदेश प्रभारी और प्रदेश अध्यक्ष से निवेदन है कि खड़गे जी और राहुल जी ने आपको प्रदेश का महत्वपूर्ण पद दिया है मुखिया बनाया है आपको सबको साथ लेकर चलना चाहिए पटेल का मानना है कि प्रदेश में समन्वय पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। केवल पटेल ही नहीं प्रदेश में और भी जिलों से जिला अध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर सवाल खड़े किए जा रहे हैं ऐसे में जिला अध्यक्ष कैसे ब्लॉक अध्यक्ष बीएलओ और जिला कार्यकारिणी का गठन समय पर कर पाएंगे कहना मुश्किल है। कुल मिलाकर प्रदेश के दोनों ही प्रमुख दल भाजपा और कांग्रेस संगठन की महत्वपूर्ण इकाई जिला अध्यक्ष और उसकी कार्यकारिणी के गठन को लेकर जमकर कसरत कर रहे हैं इसके बावजूद स्थान स्तर पर नेताओं के आपसी अहम के टकराव के कारण समय पर बात नहीं बन पा रही है।

श्री देवदत्त दुबे  ,वरिष्ठ पत्रकार एवं राजनैतिक समीक्षक, मध्यप्रदेश  

⇑ वीडियो समाचारों से जुड़ने के लिए  कृपया हमारे चैनल को सबस्क्राईब करें , धन्यवाद।

 

Share this...
bharatbhvh

Recent Posts

बंदूक की फोटो ने खोला राज, घर पहुंची पुलिस तो मिला करोड़ों का कैश

सोशल मीडिया पर बंदूक के साथ एक फोटो डालना एक युवक को भारी पड़ गया।…

6 hours ago

लाल किले से पहली बार गूंजा ‘वंदे मातरम्

लाल किले से पहली बार गूंजा ‘वंदे मातरम्’, स्वतंत्रता दिवस समारोह में दिखा राष्ट्रभक्ति का…

1 day ago

सोशल मीडिया पर अप्रमाणित दावों से पूर्व मंत्री की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने पर हाईकोर्ट सख्त

मानहानिकारक पोस्ट और वीडियो हटाने के निर्देश सागर। दिल्ली हाईकोर्ट ने पूर्व मंत्री एवं खुरई विधायक…

4 days ago

तिरंगे के सम्मान और राष्ट्रभक्ति के संदेश के साथ मंत्री राजपूत ने निकली तिरंगा यात्रा

सुरखी विधानसभा क्षेत्र के हर मंडल में निकाली जायेगी भव्य तिरंगा यात्रा: मंत्री राजपूत राष्ट्रीय…

7 days ago

छात्रों के सवाल पर सियासत क्यों खामोश है ?

भारत में बीते  एक महीने में दो बड़े छात्र आंदोलन ने बेपटरी और मनमर्जी से…

1 week ago

झारखण्ड – नाराज छात्र आज करेंगे विधानसभा का घेराव

सीबीआई जाँच की मांग पर अड़े छात्र सरकार सहमत नहीं । बीते 16 दिनों से…

1 week ago